व्रज का अर्थ =जाना (पूर्ण सत्य प्रमाण सहित शिवोहम पोल खोल)
संत रामपाल जी ने बताया कि गीता में व्रज का अर्थ जाना होता है जो कि पूर्ण रूपेण सत्य है इन पण्डो ने अपने निजी स्वार्थ खातिर शास्त्रों का अर्थ ही बदल दिया इसलिए वेदव्यास जी ने ऐसे पांडों को सतयुग के राक्षस कहा है।
देखिए प्रमाण
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सत्य🙏🙏
मैने शिवोहम् का bloger देखा उसने ग़लत को सही सिद्ध करना चाहा परन्तु सत्य सत्य होता है सत्य दबाना किसी के बस की बात नही
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